Google Cloud Outage: ब्रिटेन के Banks और Businesses की सेवाएं प्रभावित

ब्रिटेन में मंगलवार को Google Cloud के एक डेटा सेंटर में बिजली से जुड़ी समस्या के कारण कई बैंकों और कंपनियों की ऑनलाइन सेवाएं प्रभावित हुईं। Revolut, Lloyds और HSBC के कुछ ग्राहकों को बैंकिंग सेवाओं तक पहुंचने, पैसे ट्रांसफर करने, ATM से नकदी निकालने और कार्ड में पैसे जोड़ने में परेशानी हुई। प्रॉपर्टी वेबसाइट Rightmove और डिलीवरी सेवाओं पर भी असर की खबरें आईं।

Google Cloud Outage: लंदन के डेटा सेंटर में क्या हुआ?

Google के अनुसार, यह समस्या सुबह 06:08 GMT पर शुरू हुई। कंपनी ने इसे अपने क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर में बिजली से जुड़ी घटना बताया। दोपहर 12:10 GMT तक ज्यादातर सेवाएं सामान्य होने लगी थीं। यानी समस्या शुरू होने के करीब छह घंटे बाद अधिकांश प्रभावित सिस्टम ठीक हो गए।

Google ने अपने सर्विस अपडेट में बताया कि लंदन को सेवा देने वाले europe-west2 क्षेत्र में ज्यादातर वर्कलोड फिर से चलने लगे थे। कंपनी ने कहा कि आने वाले दिनों में घटना की विस्तृत रिपोर्ट जारी की जाएगी। मौजूदा स्थिति की जानकारी के लिए Google Cloud Service Status देखा जा सकता है।

⚡ Google Cloud Outage की मुख्य बातें

  • समस्या शुरू: सुबह 06:08 GMT
  • सेवा में सुधार: दोपहर 12:10 GMT तक ज्यादातर सिस्टम सामान्य
  • प्रभावित बैंक: Revolut, Lloyds और HSBC
  • अन्य सेवाएं: Rightmove, DPD और Royal Mail से जुड़ी समस्याओं की रिपोर्ट
  • मुख्य वजह: Google Cloud इंफ्रास्ट्रक्चर में बिजली से जुड़ी घटना

Revolut, Lloyds और HSBC के ग्राहकों को परेशानी

इस समस्या से Revolut की कई सेवाएं प्रभावित हुईं। ग्राहकों ने ATM से पैसे निकालने, बैंक ट्रांसफर करने और डिजिटल बैंक खाते में कार्ड के जरिए पैसे जोड़ने में दिक्कतों का सामना किया। Revolut के प्रवक्ता ने कहा कि समस्या का पता चलते ही इसे ठीक करने का काम शुरू कर दिया गया था और ग्राहकों को हुई असुविधा के लिए माफी मांगी गई। कंपनी ने यह भी कहा कि ग्राहकों का पैसा और डेटा सुरक्षित है।

ब्रिटेन के बैंक Lloyds ने भी पुष्टि की कि कुछ ग्राहक उसकी सेवाओं का इस्तेमाल नहीं कर पा रहे थे। बैंक ने कहा कि मूल समस्या दूर होने के बाद सेवाएं जल्द सामान्य होने की उम्मीद है। HSBC ने भी ग्राहकों को पहुंच संबंधी दिक्कतों की जानकारी दी और कहा कि वह स्थिति पर नजर बनाए रखेगा।

Rightmove, DPD और Royal Mail पर भी असर

समस्या केवल बैंकिंग सेवाओं तक सीमित नहीं रही। इंटरनेट सेवा की समस्याओं पर नजर रखने वाली वेबसाइट Downdetector पर ब्रिटेन की कई कंपनियों से जुड़ी शिकायतें दर्ज हुईं। इनमें प्रॉपर्टी प्लेटफॉर्म Rightmove, डिलीवरी कंपनी DPD और डाक सेवा Royal Mail शामिल थे।

यह घटना दिखाती है कि जब कई कंपनियां एक ही क्लाउड सेवा प्रदाता पर निर्भर होती हैं, तो उसके सिस्टम में आई एक समस्या कई अलग-अलग सेवाओं को प्रभावित कर सकती है। क्लाउड कंपनियां कारोबार को कंप्यूटिंग क्षमता, डेटा स्टोरेज और अन्य तकनीकी संसाधन उपलब्ध कराती हैं। इससे कंपनियों को अपना सर्वर इंफ्रास्ट्रक्चर खुद बनाने की जरूरत कम होती है, लेकिन किसी बड़ी सेवा में रुकावट आने पर असर व्यापक हो सकता है।

🛡️ Cloud Services पर निर्भरता से जुड़े जोखिम

  • एक सेवा, कई असर: एक क्लाउड क्षेत्र की खराबी कई कंपनियों को प्रभावित कर सकती है।
  • बैंकिंग जोखिम: ट्रांसफर, कार्ड टॉप-अप और ऑनलाइन सेवाएं रुक सकती हैं।
  • कारोबार की तैयारी: कंपनियों को बैकअप सिस्टम और वैकल्पिक व्यवस्था रखनी चाहिए।
  • बड़ी कंपनियों की भूमिका: Google Cloud, Microsoft Azure और Amazon Web Services प्रमुख क्लाउड प्रदाता हैं।
  • AI की बढ़ती मांग: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के विस्तार से क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर की जरूरत बढ़ रही है।

Cloud Computing पर निर्भरता को लेकर चिंता

इस घटना के बाद क्लाउड कंप्यूटिंग इंफ्रास्ट्रक्चर कुछ बड़ी कंपनियों के पास केंद्रित होने को लेकर चिंता फिर बढ़ी है। साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ एलन वुडवर्ड के अनुसार, Google Cloud, Microsoft Azure और Amazon Web Services ब्रिटेन में बड़े स्तर पर कारोबार का डेटा संभालने की क्षमता रखने वाले प्रमुख क्लाउड प्रदाता हैं।

वुडवर्ड ने कहा कि बड़े डेटा सेंटर भी स्थानीय स्तर पर बिजली या अन्य इंफ्रास्ट्रक्चर की समस्या से प्रभावित हो सकते हैं। जब कई संस्थान कुछ ही प्रदाताओं पर निर्भर हों, तो ऐसी गड़बड़ी का असर दूसरी सेवाओं तक पहुंच सकता है। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के बढ़ते इस्तेमाल से क्लाउड कंप्यूटिंग क्षमता की मांग भी बढ़ रही है।

कंपनियों के लिए बैकअप व्यवस्था क्यों जरूरी है?

यह घटना पिछले साल Amazon की क्लाउड सेवाओं में आई वैश्विक रुकावट की याद भी दिलाती है। उस समय गेम, कारोबार और परिवहन से जुड़ी कई ऑनलाइन सेवाएं प्रभावित हुई थीं और इंटरनेट के कुछ हिस्से कई घंटों तक उपलब्ध नहीं रहे थे।

जैसे-जैसे कंपनियां अपने कामकाज को क्लाउड प्लेटफॉर्म पर ले जा रही हैं और AI का इस्तेमाल बढ़ा रही हैं, उन्हें बैकअप सिस्टम, वैकल्पिक सेवा प्रदाताओं और आपातकालीन योजना पर ध्यान देना होगा। ऐसी तैयारी से किसी एक तकनीकी खराबी के कारण काम पूरी तरह रुकने का जोखिम कम किया जा सकता है।

Google Cloud Outage से जुड़े अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

1. Google Cloud में समस्या क्यों आई?

Google ने बताया कि लंदन को सेवा देने वाले क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर में बिजली से जुड़ी घटना के कारण समस्या आई। कंपनी ने शुरुआती जानकारी दी, जबकि विस्तृत घटना रिपोर्ट बाद में जारी करने की बात कही।

2. Google Cloud की समस्या से कौन-कौन प्रभावित हुए?

ब्रिटेन में Revolut, Lloyds और HSBC के ग्राहकों को बैंकिंग सेवाओं में परेशानी हुई। इसके अलावा Rightmove, DPD और Royal Mail जैसी कंपनियों से जुड़ी समस्याओं की भी रिपोर्ट सामने आई।

3. Google Cloud की सेवाएं कब सामान्य हुईं?

Google के अनुसार, समस्या सुबह 06:08 GMT पर शुरू हुई और दोपहर 12:10 GMT तक ज्यादातर सेवाएं सामान्य होने लगी थीं। अलग-अलग सेवाओं की पूरी बहाली का समय अलग हो सकता है।

4. क्या Revolut ग्राहकों का पैसा और डेटा सुरक्षित था?

Revolut के प्रवक्ता ने कहा कि ग्राहकों का पैसा और डेटा सुरक्षित है। यह कंपनी का दिया हुआ बयान था। ग्राहकों को अपने खाते से जुड़ी किसी भी चिंता के लिए बैंक के आधिकारिक अपडेट देखने चाहिए।

5. क्लाउड सेवा बंद होने से कई कंपनियां कैसे प्रभावित होती हैं?

कई कंपनियां डेटा, ऐप और ऑनलाइन सेवाओं के लिए एक ही क्लाउड प्रदाता के सिस्टम इस्तेमाल करती हैं। उस प्रदाता के इंफ्रास्ट्रक्चर में खराबी आने पर उससे जुड़ी कई सेवाएं एक साथ बाधित हो सकती हैं।

निष्कर्ष

लंदन के पास Google Cloud इंफ्रास्ट्रक्चर में आई बिजली संबंधी समस्या ने बैंकों और अन्य कंपनियों की सेवाओं को प्रभावित किया। अधिकांश सेवाएं कुछ घंटों में सुधर गईं, लेकिन घटना ने मजबूत बैकअप, वैकल्पिक व्यवस्था और भरोसेमंद तकनीकी इंफ्रास्ट्रक्चर की जरूरत फिर उजागर की।

Disclaimer: यह खबर उपलब्ध रिपोर्टों पर आधारित है। सेवा की स्थिति बदल सकती है, इसलिए जरूरी जानकारी के लिए संबंधित कंपनियों के आधिकारिक अपडेट देखें।

Gourav Kumar Singh

About the Author

Gourav Kumar Singh

Gourav Kumar Singh is the Founder and Editor of Wealth Scope News. He writes about finance, business, stock market, technology, government schemes and trending news. His mission is to provide readers with accurate, reliable and easy-to-understand information through well-researched articles.

Read More →

Leave a Comment