मास्क पहनकर बस में चढ़े मंत्री, कंडक्टर ने बस से उतार दिया

बेंगलुरु में सरकारी बस और ऑटो सेवाओं की वास्तविक स्थिति जानने के लिए कर्नाटक के परिवहन मंत्री ने आम यात्री बनकर सफर किया। इस दौरान उन्होंने यात्रियों को होने वाली परेशानियों का खुद अनुभव किया और सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था की जमीनी हकीकत को करीब से समझने की कोशिश की।

कर्नाटक के परिवहन मंत्री ने आम यात्री बनकर किया निरीक्षण

कर्नाटक के परिवहन मंत्री बायराठी सुरेश इन दिनों चर्चा में हैं। उन्होंने बेंगलुरु में सरकारी बस सेवा (बीएमटीसी) की वास्तविक स्थिति जानने के लिए आम यात्री बनकर अचानक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने मास्क पहनकर अपनी पहचान छिपाई और सामान्य यात्री की तरह बस में सफर किया, ताकि लोगों को होने वाली परेशानियों को खुद महसूस कर सकें।

निरीक्षण के दौरान बायराठी सुरेश हेब्बल से नागाशेट्टीहल्ली जाने वाली बीएमटीसी बस में चढ़े और दो टिकट मांगे। उन्होंने टिकट के लिए 100 रुपये का नोट दिया, लेकिन कंडक्टर ने उनसे खुले पैसे मांगे। मंत्री ने बताया कि उनके पास छुट्टे नहीं हैं। इस पर कंडक्टर ने भी कहा कि उसके पास पर्याप्त खुले पैसे नहीं हैं और उसने अपनी कैश बैग दिखाते हुए मंत्री से कहा कि अगर खुले पैसे नहीं हैं तो बस से उतर जाएं। कंडक्टर को यह नहीं पता था कि वह राज्य के परिवहन मंत्री से बात कर रहा है। मंत्री बिना कोई बहस किए बस से उतर गए।

🚌 बीएमटीसी बस निरीक्षण की मुख्य बातें

  • स्थान: बेंगलुरु
  • बस सेवा: बीएमटीसी
  • मार्ग: हेब्बल से नागाशेट्टीहल्ली
  • निरीक्षण: आम यात्री बनकर सफर
  • घटना: खुले पैसे नहीं होने पर बस से उतरने के लिए कहा गया
  • उद्देश्य: यात्रियों की वास्तविक समस्याओं को समझना

ऑटो यात्रा में भी सामने आई समस्या

इसके बाद बायराठी सुरेश ने ऑटो से भी सफर किया। उन्होंने बताया कि मीटर पर किराया 30 रुपये था, लेकिन चालक ने मीटर दोबारा सेट नहीं होने की बात कहकर 36 रुपये मांगे। आखिर में मंत्री ने 40 रुपये देकर अपना सफर पूरा किया।

मंत्री ने करीब दो घंटे तक बेंगलुरु के अलग-अलग इलाकों में यात्रा की और बस तथा ऑटो सेवाओं का अनुभव लिया। इस दौरान उन्होंने यात्रियों को होने वाली कई सामान्य समस्याओं को करीब से देखा। बाद में उन्होंने सोशल मीडिया पर बताया कि इस निरीक्षण का मकसद सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था की असली स्थिति जानना और लोगों को सुरक्षित, भरोसेमंद तथा बेहतर सेवा उपलब्ध कराना है।

🚖 ऑटो यात्रा में सामने आई अहम बातें

  • मीटर किराया: 30 रुपये
  • मांगा गया किराया: 36 रुपये
  • अंतिम भुगतान: 40 रुपये
  • निरीक्षण अवधि: करीब 2 घंटे
  • मुख्य उद्देश्य: बस और ऑटो सेवाओं की वास्तविक स्थिति जानना
  • फोकस: यात्रियों को बेहतर, सुरक्षित और भरोसेमंद परिवहन सुविधा उपलब्ध कराना

सोशल मीडिया पर लोगों ने दी प्रतिक्रिया

मंत्री के इस कदम की सोशल मीडिया पर काफी चर्चा हुई। कई लोगों ने उनके इस प्रयास की सराहना की और कहा कि ऐसे निरीक्षण नियमित रूप से होने चाहिए, ताकि अधिकारियों को यात्रियों की वास्तविक परेशानियों का पता चल सके। वहीं कुछ लोगों ने बसों में यूपीआई भुगतान की सुविधा, सड़कों की खराब स्थिति और अन्य स्थानीय समस्याओं की ओर भी सरकार का ध्यान दिलाया।

मंत्री ने आम यात्री बनकर बस और ऑटो सेवाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने यात्रियों की वास्तविक समस्याएं समझीं और परिवहन व्यवस्था में सुधार के लिए आवश्यक कदम उठाने का भरोसा दिया।

डिस्क्लेमर: यह जानकारी उपलब्ध रिपोर्टों के आधार पर तैयार की गई है। आधिकारिक जानकारी या अपडेट आने पर विवरण बदल सकता है।

Gourav Kumar Singh

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Gourav Kumar Singh

Gourav Kumar Singh is the Founder and Editor of Wealth Scope News. He writes about finance, business, stock market, technology, government schemes and trending news. His mission is to provide readers with accurate, reliable and easy-to-understand information through well-researched articles.

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