ओनिडा की वापसी की तैयारी, 100 नए स्टोर खोलने का प्लान

एक समय भारतीय घरों में अपनी खास पहचान रखने वाला इलेक्ट्रॉनिक्स ब्रांड ओनिडा अब दोबारा बाजार में मजबूत वापसी की तैयारी कर रहा है। “Neighbour’s Envy, Owner’s Pride” जैसे लोकप्रिय विज्ञापन स्लोगन के लिए मशहूर ओनिडा अब नई रणनीति के साथ ग्राहकों के बीच अपनी पुरानी पहचान वापस बनाना चाहता है।

कंपनी अगले 2 से 3 साल में देशभर में करीब 100 एक्सक्लूसिव ब्रांड स्टोर खोलने की योजना बना रही है। पहले ओनिडा का नाम MIRC Electronics था, लेकिन अब कंपनी ने अपना नाम बदलकर Onida Electronics कर लिया है। फिलहाल कंपनी के पास कोई खुद का ब्रांड स्टोर नहीं है और यह करीब 4,000 से 4,500 रिटेल दुकानों के जरिए अपने उत्पाद बेचती है।

ओनिडा की बाजार में वापसी की नई रणनीति

📺 Onida Revival Plan

  • ब्रांड पहचान: “Neighbour’s Envy, Owner’s Pride” से प्रसिद्ध
  • स्टोर योजना: 2-3 साल में 100 एक्सक्लूसिव ब्रांड स्टोर
  • वर्तमान बिक्री: 4,000-4,500 रिटेल आउटलेट
  • लक्ष्य: मास-प्रिमियम बाजार में वापसी
  • रणनीति: बेहतर वितरण और ग्राहक अनुभव

कंपनी के सीईओ और अतिरिक्त प्रबंध निदेशक गुंजन श्रीवास्तव के अनुसार, ओनिडा का ध्यान अब अपनी डीलर नेटवर्क और वितरण व्यवस्था को मजबूत करने पर है। कंपनी कम से कम 1,000 ऐसे आउटलेट तैयार करना चाहती है जहां बेहतर ग्राहक सेवा और बिक्री का स्तर बनाया जा सके।

मास-प्रिमियम सेगमेंट में लौटने की तैयारी

ओनिडा कभी प्रीमियम इलेक्ट्रॉनिक्स ब्रांड के रूप में जाना जाता था, लेकिन समय के साथ यह सस्ते उत्पादों वाले सेगमेंट में चला गया। अब कंपनी फिर से मास-प्रिमियम बाजार में अपनी जगह बनाना चाहती है, जहां ग्राहक बेहतर गुणवत्ता और आधुनिक फीचर्स के लिए ज्यादा कीमत देने को तैयार होते हैं।

भारतीय इलेक्ट्रॉनिक्स बाजार में ओनिडा को एलजी, सैमसंग, वोल्टास और ब्लूस्टार जैसी बड़ी कंपनियों से कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ रहा है। इसके बावजूद कंपनी का मानना है कि बेहतर वितरण, नई ब्रांड छवि और आधुनिक उत्पादों के जरिए वह ग्राहकों का भरोसा फिर से जीत सकती है।

📈 ओनिडा के लिए निवेश और चुनौतियां

  • निवेश: Authum Investment and Infrastructure से 149 करोड़ रुपये
  • वारंट: करीब 65 करोड़ रुपये के कन्वर्टिबल वारंट
  • शेयर प्रदर्शन: 52 हफ्तों का उच्च स्तर
  • बढ़त: जनवरी से करीब 51 प्रतिशत उछाल
  • चुनौती: कारोबार को दोबारा लाभदायक बनाना

कंपनी ने अपनी वापसी के लिए संगठन में भी बड़े बदलाव किए हैं। गुंजन श्रीवास्तव, जो पहले Bosch Home Appliances में भारत, दक्षिण एशिया और ब्रिटेन का काम संभाल चुके हैं, अब ओनिडा का नेतृत्व कर रहे हैं। इसके अलावा कंपनी ने नए वित्त प्रमुख और मानव संसाधन प्रमुख की भी नियुक्ति की है।

ओनिडा की नई योजना को आगे बढ़ाने के लिए कंपनी ने निवेश भी जुटाया है। उसने Authum Investment and Infrastructure से 149 करोड़ रुपये जुटाए हैं और करीब 65 करोड़ रुपये के कन्वर्टिबल वारंट जारी करने की मंजूरी भी मिली है।

शेयर प्रदर्शन और भविष्य की चुनौतियां

कंपनी के शेयरों में भी इस बदलाव का असर देखने को मिला है। ओनिडा के शेयरों ने 52 हफ्तों का उच्च स्तर छुआ है और जनवरी से अब तक इसमें करीब 51 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई है।

हालांकि, कंपनी के सामने चुनौतियां अभी भी मौजूद हैं। वित्त वर्ष 2026 में ओनिडा को 671 करोड़ रुपये के राजस्व पर 74 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। अब कंपनी का लक्ष्य सिर्फ पुरानी पहचान वापस पाना नहीं, बल्कि कारोबार को दोबारा लाभदायक बनाना भी है।


Disclaimer: यह लेख केवल जानकारी के उद्देश्य से है। निवेश से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।

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I’m Gourav Kumar Singh, a graduate by education and a blogger by passion. Since starting my blogging journey in 2020, I have worked in digital marketing and content creation. Read more about me.

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