सप्ताहांत और आने वाले दिनों में कला, भारतीय खानपान और सांस्कृतिक आयोजनों का आनंद लेने के कई विकल्प हैं। हैदराबाद में समकालीन कला की समूह प्रदर्शनी और आधुनिक भारतीय कला से जुड़ा विशेष आयोजन चल रहा है। बेंगलुरु में नवरात्रि के पारंपरिक व्यंजनों का स्वाद लिया जा सकता है, जबकि दिल्ली में दादी-नानी की कहानियों से प्रेरित चित्रों की प्रदर्शनी दर्शकों को आमंत्रित कर रही है। इन आयोजनों की तारीख और समय जानकर अपनी योजना बनाई जा सकती है।
हैदराबाद के बंजारा हिल्स स्थित कलाकृति आर्ट गैलरी में ‘आई नो व्हाट आई एम डूइंग’ नाम से समूह प्रदर्शनी आयोजित की जा रही है। इसमें दक्षिण भारत से जुड़े वरिष्ठ और युवा कलाकारों की कलाकृतियां शामिल हैं। अलामु कुमारेशन, अनुपमा एलियास अनिल, जया पीएस, इंदु एंटनी और केपी रेजी सहित कई कलाकारों के काम प्रदर्शित किए गए हैं। प्रदर्शनी में सत्ता, श्रम, पर्यावरण, जाति, स्मृति और पलायन जैसे सामाजिक विषयों को कला के माध्यम से प्रस्तुत किया गया है।
पीएस जलाजा द्वारा संयोजित यह प्रदर्शनी 17 नवंबर तक देखी जा सकती है। गैलरी के दिए गए कार्यक्रम के अनुसार, समय प्रतिदिन सुबह 11 बजे से शाम 7 बजे तक है। कला में सामाजिक परिस्थितियों और व्यक्तिगत दृष्टिकोण की भूमिका को समझने में रुचि रखने वाले दर्शकों के लिए यह आयोजन उपयोगी हो सकता है।
बेंगलुरु में नवरात्रि के मौसम के लिए विशेष भोजन आयोजन भी रखा गया है। वसंथ नगर में पैलेस रोड स्थित आर्टेजिया होटल के सैफ्रॉन में आयोजित इस पॉप-अप में शकरकंद और अनार की चाट, साबूदाना वड़ा, मखाने और काजू की सब्जी तथा समा के चावल की खीर जैसे व्यंजन शामिल हैं। आयोजन 19 अक्टूबर तक चलेगा। भोजन का समय दोपहर 12:30 से 3 बजे और शाम 7 से रात 11 बजे तक बताया गया है।
हैदराबाद के हिटेक्स प्रदर्शनी केंद्र में 17 और 18 अक्टूबर को एस्टागुरु की प्रदर्शनी श्रृंखला ‘शोकीन’ का आयोजन हो रहा है। इसमें आधुनिक और समकालीन भारतीय कला के साथ पारिवारिक विरासत के आभूषण और महंगी घड़ियां भी प्रदर्शित की जा रही हैं। प्रदर्शनी में एमएफ हुसैन, एसएच रजा, हिम्मत शाह, सीडी मिस्त्री, टॉम वट्टाकुझी और सूर्यकांत लोखंडे जैसे कलाकारों की कृतियां शामिल हैं। आयोजन में कलाकारों, वास्तुकारों और अन्य सांस्कृतिक विशेषज्ञों द्वारा तैयार किए गए अनुभव भी रखे गए हैं।
दिल्ली के डिफेंस कॉलोनी स्थित मेथड गैलरी में देबोस्मिता सामंता की एकल चित्रकला प्रदर्शनी ‘गोल्पो कोथा’ चल रही है। यह प्रदर्शनी बचपन में दादा-दादी और नाना-नानी से सुनी गई कहानियों, पारिवारिक स्मृतियों और पुरानी पीढ़ियों के अनुभवों से प्रेरित है। चित्रों में परीकथाओं और पौराणिक कथाओं के संकेतों के साथ महिलाओं के जीवन, सामाजिक अन्याय और निजी संघर्षों को भी जगह दी गई है।
इस श्रृंखला को तैयार करने के लिए कलाकार ने परिवार के सदस्यों और बचपन से परिचित महिलाओं से बातचीत की। बंगाली परीकथाओं, कहानियों और पौराणिक कथाओं की किताबों से मिले दृश्य संकेतों ने भी इन चित्रों को आकार दिया। प्रदर्शनी 26 नवंबर तक दोपहर 12 बजे से शाम 7 बजे तक खुली रहेगी। सोमवार को गैलरी बंद रहती है।
कला और सांस्कृतिक आयोजनों की ऐसी जानकारी के लिए आयोजकों की आधिकारिक घोषणाएं और गैलरी की वेबसाइट देखना उपयोगी रहता है। अधिक जानकारी के लिए लाइवमिंट की जीवनशैली और कार्यक्रमों से जुड़ी खबरें भी देख सकते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
हैदराबाद में ‘आई नो व्हाट आई एम डूइंग’ प्रदर्शनी कब तक है?
यह समूह प्रदर्शनी हैदराबाद के बंजारा हिल्स स्थित कलाकृति आर्ट गैलरी में 17 नवंबर तक चलने वाली है। दिए गए कार्यक्रम के अनुसार, दर्शक इसे प्रतिदिन सुबह 11 बजे से शाम 7 बजे के बीच देख सकते हैं।
बेंगलुरु के नवरात्रि भोजन आयोजन की अंतिम तारीख क्या है?
सैफ्रॉन, आर्टेजिया होटल में नवरात्रि के विशेष व्यंजनों का पॉप-अप 19 अक्टूबर तक निर्धारित है। दोपहर और शाम के अलग-अलग समय दिए गए हैं, इसलिए जाने से पहले उपलब्धता की पुष्टि करना बेहतर है।
‘शोकीन’ प्रदर्शनी में क्या-क्या देखा जा सकता है?
हैदराबाद के हिटेक्स प्रदर्शनी केंद्र में इस आयोजन के दौरान आधुनिक और समकालीन भारतीय कला, विरासत के आभूषण तथा महंगी घड़ियां प्रदर्शित की जा रही हैं। इसमें कई जाने-माने भारतीय कलाकारों की कृतियां भी शामिल हैं।
‘गोल्पो कोथा’ प्रदर्शनी किस विषय पर आधारित है?
देबोस्मिता सामंता की यह चित्रकला प्रदर्शनी बचपन की कहानियों, दादी-नानी की स्मृतियों और पारिवारिक अनुभवों से प्रेरित है। इसमें परीकथाओं के साथ महिलाओं के संघर्ष, सामाजिक अन्याय और पीढ़ियों से चली आ रही समझ को भी दर्शाया गया है।
दिल्ली में ‘गोल्पो कोथा’ प्रदर्शनी का समय क्या है?
यह प्रदर्शनी डिफेंस कॉलोनी स्थित मेथड गैलरी में 26 नवंबर तक दोपहर 12 बजे से शाम 7 बजे तक खुली रहने वाली है। सोमवार को गैलरी बंद रहती है, इसलिए यात्रा से पहले समय जांच लें।
निष्कर्ष
कला, संस्कृति और खास भोजन में रुचि रखने वालों के लिए हैदराबाद, बेंगलुरु और दिल्ली में कई विकल्प मौजूद हैं। तारीख, समय और प्रवेश की शर्तों की पुष्टि करके अपनी यात्रा की योजना बनाएं, ताकि आयोजन का अनुभव बिना किसी परेशानी के लिया जा सके।
अस्वीकरण: आयोजन की तारीखें और समय उपलब्ध जानकारी पर आधारित हैं। बदलाव संभव हैं; जाने से पहले संबंधित स्थल से पुष्टि करें।
