AI Startup का Tattoo Interview ऑफर, सोशल मीडिया पर मचा विवाद

कई बार कंपनियां भर्ती प्रक्रिया में अलग-अलग तरीके अपनाती हैं, लेकिन अमेरिका की एक AI Startup के अनोखे फैसले ने सोशल मीडिया पर बड़ी बहस छेड़ दी। टैटू बनवाने पर Interview का मौका देने की घोषणा के बाद कंपनी को आलोचना का सामना करना पड़ा।

टैटू के बदले Interview ऑफर पर छिड़ी बहस

कई बार नौकरी पाने के लिए उम्मीदवारों को कठिन प्रक्रिया से गुजरना पड़ता है, लेकिन अमेरिका की एक नई AI कंपनी ने ऐसा तरीका अपनाया जिसने सोशल मीडिया पर बड़ी बहस छेड़ दी। Startup LemonLime के सह-संस्थापक ने एक कार्यक्रम में घोषणा की कि जो व्यक्ति वहीं टैटू बनवाएगा, उसे कंपनी में सीधे Interview का मौका मिलेगा।

भर्ती विवाद की मुख्य बातें

  • कंपनी: LemonLime
  • घोषणा: टैटू बनवाने पर Interview का अवसर
  • उद्देश्य: जोखिम लेने वाले लोगों से मिलना
  • कार्यक्रम: सात लोगों ने टैटू बनवाया
  • प्रतिक्रिया: सोशल मीडिया पर व्यापक आलोचना
  • विवाद: भर्ती प्रक्रिया पर नैतिक सवाल

कंपनी के सह-संस्थापक जॉर्डन जिट्ज़ ने सोशल मीडिया पर बताया कि उनका उद्देश्य ऐसे लोगों से मिलना था जो जोखिम लेने से नहीं डरते। कार्यक्रम में एक टैटू कलाकार भी मौजूद था और सात लोगों ने टैटू बनवाकर इंटरव्यू का अवसर हासिल किया। इस घोषणा के बाद सोशल मीडिया पर लोगों ने इसकी कड़ी आलोचना शुरू कर दी।

कई लोगों का कहना था कि नौकरी पाने के लिए किसी को अपने शरीर पर स्थायी निशान बनवाने के लिए प्रेरित करना उचित नहीं है। कुछ लोगों ने इसे उम्मीदवारों पर अनावश्यक दबाव बनाने वाला कदम बताया। कई प्रतिक्रियाओं में कहा गया कि पहले से कठिन Job प्रक्रिया को और मुश्किल नहीं बनाया जाना चाहिए।

आलोचना के बाद कंपनी ने मानी गलती

बढ़ते विरोध के बाद जॉर्डन जिट्ज़ ने अपनी गलती स्वीकार की। उन्होंने कहा कि यह फैसला जल्दबाजी में लिया गया था और उन्हें समझना चाहिए था कि भर्ती प्रक्रिया के साथ टैटू को जोड़ने से लोगों पर मानसिक दबाव पड़ सकता है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि किसी भी व्यक्ति को कंपनी का लोगो बनवाने के लिए मजबूर नहीं किया गया था और सभी ने अपनी पसंद का टैटू चुना।

LemonLime इस साल शुरू हुई एक छोटी कंपनी है, जो कंपनियों के लिए Automation और कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित समाधान तैयार करती है। कंपनी इस समय एक प्रसिद्ध स्टार्टअप कार्यक्रम का हिस्सा भी है और इसी दौरान यह आयोजन किया गया था।

कंपनी की सफाई और आगे की योजना

  • सफाई: किसी पर कंपनी का लोगो बनवाने का दबाव नहीं था
  • चयन: सभी ने अपनी पसंद का टैटू चुना
  • बयान: Interview सभी इच्छुक लोगों के लिए उपलब्ध था
  • सुविधा: जरूरत पड़ने पर टैटू हटाने का खर्च कंपनी उठाएगी
  • फोकस: AI और Automation समाधान
  • सीख: भर्ती प्रक्रिया में संवेदनशीलता जरूरी

घटना के बाद बढ़ी चर्चा

कार्यक्रम में शामिल एक महिला उद्यमी ने बताया कि वह पहले से टैटू बनवाने के बारे में सोच रही थीं, इसलिए उन्होंने अपनी पसंद का टैटू बनवाया। उन्होंने साफ कहा कि वह नौकरी के लिए नहीं, बल्कि अपने व्यवसाय पर ध्यान दे रही हैं और उनकी कंपनी में किसी प्रकार की ऐसी शर्त नहीं रखी जाती।

इस घटना के बाद कई अनुभवी उद्यमियों ने भी कंपनी के फैसले पर सवाल उठाए। उनका कहना था कि प्रचार पाने के लिए ऐसा तरीका अपनाना सही नहीं है। कुछ लोगों ने सुझाव दिया कि अगर ऐसा कोई विचार करना ही था, तो अस्थायी टैटू का विकल्प बेहतर रहता।

बाद में कंपनी के सह-संस्थापक ने कहा कि इंटरव्यू का अवसर सभी इच्छुक लोगों के लिए उपलब्ध था। साथ ही उन्होंने यह भी घोषणा की कि यदि किसी व्यक्ति को बाद में अपने टैटू पर पछतावा हो, तो कंपनी उसे हटाने का खर्च भी उठाएगी।

डिस्क्लेमर: यह जानकारी उपलब्ध सार्वजनिक रिपोर्टों पर आधारित है। किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले आधिकारिक जानकारी अवश्य देखें।

Gourav Kumar Singh

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