अगले हफ़्ते शुरू हो रहे ‘चैनल आई’ (Channel Eye) के ‘टेक्नोलॉजी और इनोवेशन फ़ोकस वीक’ में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर सिक्योरिटी, कंप्लायंस टेक्नोलॉजी और डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन मुख्य आकर्षण होंगे।
पूरे हफ़्ते चलने वाली इस एडिटोरियल सीरीज़ में यह देखा जाएगा कि चैनल आइलैंड्स और आइल ऑफ़ मैन के बिज़नेस, टेक्नोलॉजी में तेज़ी से हो रहे बदलावों के साथ कैसे तालमेल बिठा रहे हैं। इसमें साइबर सिक्योरिटी, कंप्लायंस, मैनेज्ड सर्विसेज़ और बिज़नेस टेक्नोलॉजी के क्षेत्रों की कंपनियों के नज़रिए को शामिल किया जाएगा।
इसमें मार्केटिंग और बिज़नेस ऑपरेशन्स में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, साइबर रेज़िलिएंस, रेगुलेटरी टेक्नोलॉजी, कस्टमर लाइफ़साइकल मैनेजमेंट और सिक्योरिटी, गवर्नेंस व कंप्लायंस को बनाए रखते हुए नई टेक्नोलॉजी लागू करने में संगठनों को आने वाली असल मुश्किलों जैसे विषयों पर चर्चा की जाएगी।
कुछ प्रेजेंटर्स तेज़ी से डिजिटल होते बिज़नेस माहौल से जुड़ी ऑपरेशनल और रणनीतिक मुश्किलों पर बात करेंगे, तो वहीं दूसरे इस बात पर चर्चा करेंगे कि कंपनियाँ इनोवेशन और रिस्क मैनेजमेंट के बीच कैसे संतुलन बना सकती हैं।
यह शो ऐसे समय में प्रसारित हो रहा है जब सभी इंडस्ट्रीज़ के बिज़नेस पर सिस्टम को अपडेट करने, साइबर सुरक्षा को मज़बूत करने और प्रोडक्टिविटी बढ़ाने व कॉम्पिटिटिव बने रहने के लिए टेक्नोलॉजी के उपयोगी इस्तेमाल खोजने का दबाव बढ़ रहा है।
प्रकाशन से कुछ हफ़्ते पहले ही ‘टेक्नोलॉजी और इनोवेशन फ़ोकस वीक’ के लिए सभी कंट्रीब्यूटर स्लॉट बुक हो गए थे और अन्य संगठनों को वेटिंग लिस्ट में डाल दिया गया था। यह ज़बरदस्त प्रतिक्रिया इस बात का संकेत है कि इन आइलैंड्स में टेक्नोलॉजी जिस तरह से संगठनों को बदल रही है, उसमें लोगों की दिलचस्पी बढ़ रही है।
‘चैनल आई’ के सेक्टर-फ़ोकस्ड एडिटोरियल कंटेंट के बढ़ते प्रोग्राम के तहत, जो आइलैंड्स के बिज़नेस समुदायों को प्रभावित करने वाली समस्याओं की पड़ताल करता है, यह थीम-आधारित हफ़्ता इस साल की शुरुआत में हुए ‘फ़ाइनेंशियल सर्विसेज़ फ़ोकस वीक’ के बाद आयोजित किया जा रहा है।
साल खत्म होने से पहले दो और फ़ोकस वीक आयोजित किए जाएँगे। सितंबर में होने वाले ‘लीगल और प्रोफ़ेशनल सर्विसेज़ फ़ोकस वीक’ में डिजिटल कॉन्ट्रैक्ट्स, क्लाइंट संबंधों का भविष्य, लीगल टेक्नोलॉजी को अपनाना और वकालत के काम में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस जैसे मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। दिसंबर में होने वाले ‘पीपल, लीडरशिप और वर्क फ़ोकस वीक’ में वर्कप्लेस हेल्थ, विविधता और समावेश (डाइवर्सिटी और इंक्लूजन), टैलेंट की भर्ती और उन्हें बनाए रखना, डिजिटल युग में लीडरशिप और भविष्य के वर्कफ़ोर्स के लिए ज़रूरी स्किल्स जैसे विषयों पर बात की जाएगी।
