Gold Silver Rate Today: अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोने और चांदी की कीमतों में कमजोरी देखने को मिली है। तेल की ऊंची कीमतों से महंगाई बढ़ने की आशंका और अमेरिका में ब्याज दरों को लेकर अनिश्चितता ने कीमती धातुओं पर दबाव बनाया है। निवेशक अमेरिकी फेडरल रिजर्व की अगली बैठक और महंगाई से जुड़े नए आंकड़ों पर नजर रख रहे हैं।
Gold Silver Rate Today: सोने और चांदी के भाव में गिरावट
बुधवार को शुरुआती कारोबार में हाजिर सोना करीब 0.1% गिरकर 4,118.64 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। दिसंबर डिलीवरी वाले अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर्स में भी लगभग 0.1% की गिरावट दर्ज की गई और भाव 4,137.60 डॉलर प्रति औंस रहा। चांदी का हाजिर भाव करीब 57.95 डॉलर प्रति औंस पर स्थिर था। प्लैटिनम में बढ़त रही, जबकि पैलेडियम में बहुत कम बदलाव हुआ।
अमेरिका में ब्याज दरों पर फैसला निवेशकों के लिए अहम है। अर्थशास्त्रियों के एक सर्वे के अनुसार, इस महीने फेडरल रिजर्व के दरों को स्थिर रखने की उम्मीद है। हालांकि, महंगाई लंबे समय तक ऊंची बनी रहती है तो आगे चलकर सख्त नीति अपनाने की संभावना बढ़ सकती है। निवेशक अमेरिकी व्यक्तिगत उपभोग व्यय यानी PCE महंगाई आंकड़ों पर भी नजर रखेंगे, क्योंकि फेड महंगाई के आकलन में इस आंकड़े को महत्व देता है।
सोने की कीमतों पर दबाव के मुख्य कारण
- अंतरराष्ट्रीय सोना: करीब 4,118.64 डॉलर प्रति औंस
- अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर्स: करीब 4,137.60 डॉलर प्रति औंस
- महंगाई की चिंता: महंगा कच्चा तेल महंगाई बढ़ा सकता है
- ब्याज दरें: फेड के फैसले से बाजार की दिशा प्रभावित हो सकती है
- निवेशकों की नजर: PCE महंगाई आंकड़े और आगामी केंद्रीय बैंक बैठक
MCX पर सोने और चांदी के भाव में साप्ताहिक गिरावट
भारत में मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज यानी MCX पर भी सोने और चांदी के वायदा भाव में पिछले सप्ताह गिरावट दर्ज की गई। सोना 3,581 रुपये यानी करीब 2.4% टूटकर 1.47 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ। चांदी 14,568 रुपये यानी लगभग 6.4% गिरकर 2.11 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर आ गई। बाजार विश्लेषकों के मुताबिक, रुपये में मजबूती आने से आयातित सोने की लागत कम हुई, जिसका घरेलू कीमतों पर असर पड़ा।
कीमती धातुओं की कीमत पर अमेरिकी डॉलर, सरकारी बॉन्ड की यील्ड और वैश्विक आर्थिक हालात का भी असर पड़ता है। डॉलर कमजोर होने और अमेरिकी ट्रेजरी यील्ड घटने से सोने को कुछ सहारा मिल सकता है। इसके उलट, ब्याज दरें ऊंची रहने की उम्मीद बढ़ने पर ऐसे निवेशों की मांग प्रभावित हो सकती है जिनसे नियमित ब्याज नहीं मिलता। ब्याज दरों की संभावनाओं को समझने के लिए निवेशक CME FedWatch Tool पर बाजार के अनुमान भी देख सकते हैं।
घरेलू बाजार और आगे किन बातों पर रहेगी नजर
- MCX सोना: 1.47 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद
- MCX चांदी: 2.11 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद
- कच्चा तेल: ब्रेंट क्रूड करीब 110 डॉलर प्रति बैरल के आसपास
- आर्थिक आंकड़े: चीन के आंकड़े, अमेरिकी हाउसिंग और उपभोक्ता भरोसा
- अन्य संकेत: भारत, ब्रिटेन और अमेरिका के PMI आंकड़े तथा रूस से तेल आपूर्ति
तेल की कीमतें और वैश्विक तनाव भी अहम
ब्रेंट क्रूड की कीमत करीब 110 डॉलर प्रति बैरल के आसपास रहने और होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास तनाव की वजह से ऊर्जा बाजार पर ध्यान बना हुआ है। तेल महंगा होने से परिवहन और उत्पादन लागत बढ़ सकती है, जिससे महंगाई का दबाव बढ़ने की आशंका रहती है। ऐसी स्थिति में केंद्रीय बैंक ब्याज दरों में कटौती को लेकर सतर्क रह सकते हैं।
आने वाले समय में निवेशक चीन के आर्थिक आंकड़ों, अमेरिका के आवास बाजार, उपभोक्ता भावना, महंगाई की उम्मीदों और भारत, ब्रिटेन तथा अमेरिका के कारोबारी गतिविधि सूचकांक पर नजर रखेंगे। रूस से कच्चे तेल की आपूर्ति और दूसरे प्रमुख केंद्रीय बैंकों के संकेत भी बाजार की दिशा तय करने में भूमिका निभा सकते हैं।
निवेशकों के लिए क्या मायने हैं?
सोने और चांदी की कीमतें कई वैश्विक कारणों से तेजी से बदल सकती हैं। केवल एक दिन की गिरावट के आधार पर खरीदने या बेचने का फैसला करना उचित नहीं है। निवेश से पहले अपनी जरूरत, जोखिम सहने की क्षमता और बाजार की स्थिति को समझना जरूरी है। घरेलू भाव और अंतरराष्ट्रीय कीमतों में अंतर भी बना रह सकता है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
1. सोने की कीमतों में गिरावट क्यों आई?
तेल की ऊंची कीमतों से महंगाई बढ़ने की चिंता, अमेरिकी ब्याज दरों को लेकर अनिश्चितता और डॉलर तथा बॉन्ड यील्ड में बदलाव ने सोने पर दबाव बनाया। कीमतें वैश्विक आर्थिक और राजनीतिक घटनाओं से भी प्रभावित होती हैं।
2. MCX पर सोने का भाव कितना रहा?
दी गई बाजार जानकारी के अनुसार, MCX पर सोने का वायदा भाव पिछले सप्ताह 3,581 रुपये या करीब 2.4% गिरकर 1.47 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ। यह उसी रिपोर्ट में बताया गया बंद भाव है।
3. चांदी की कीमत में कितनी गिरावट आई?
रिपोर्ट के अनुसार, MCX पर चांदी का वायदा भाव एक सप्ताह में 14,568 रुपये या लगभग 6.4% घटकर 2.11 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुआ। वास्तविक भाव समय और कारोबार के अनुसार बदल सकता है।
4. अमेरिकी फेडरल रिजर्व का फैसला सोने को कैसे प्रभावित करता है?
ब्याज दरें बढ़ने की उम्मीद से बिना ब्याज वाले सोने की मांग प्रभावित हो सकती है। दरें घटने या डॉलर कमजोर होने पर सोने को सहारा मिल सकता है। हालांकि, कीमतें दूसरे आर्थिक और वैश्विक कारकों पर भी निर्भर करती हैं।
5. सोने और चांदी के भाव आगे किन बातों पर निर्भर करेंगे?
आगे के भाव अमेरिकी महंगाई के आंकड़ों, फेड के फैसले, डॉलर, बॉन्ड यील्ड, कच्चे तेल की कीमतों और वैश्विक तनाव पर निर्भर कर सकते हैं। घरेलू बाजार में रुपये की चाल और आयात लागत भी अहम भूमिका निभाती है।
निष्कर्ष
तेल की कीमतों और महंगाई की चिंता के बीच सोने और चांदी में कमजोरी दिखी है। आगे निवेशकों की नजर अमेरिकी महंगाई आंकड़ों, फेड के फैसले और वैश्विक घटनाओं पर रहेगी। खरीद-बिक्री से पहले ताजा भाव और अपने जोखिम का आकलन जरूर करें।
Disclaimer: यह जानकारी केवल सामान्य समाचार उद्देश्य से है, इसे निवेश की सलाह न मानें।
