पुणे मेट्रो की Line 3 को 13 किलोमीटर लंबे पहले चरण के लिए सुरक्षा मंजूरी मिल गई है। इस मंजूरी के बाद मान (Maan) से आर.के. लक्ष्मण म्यूजियम तक के 12 स्टेशनों वाले हिस्से पर यात्री सेवा शुरू होने का रास्ता लगभग साफ हो गया है। हालांकि ट्रेनें कब से चलेंगी, इसकी आधिकारिक तारीख अभी घोषित नहीं की गई है।
पहले चरण को मिली सुरक्षा मंजूरी
यह अस्थायी सुरक्षा अनुमति 23 जुलाई को मेट्रो रेल सुरक्षा आयुक्त (CMRS) की ओर से दी गई। मंजूरी केवल पहले एलिवेटेड सेक्शन के लिए है, जबकि हिंजवाड़ी से शिवाजीनगर तक बनने वाले बाकी हिस्से का निर्माण अभी जारी है। निरीक्षण, स्पीड ट्रायल और सभी जरूरी तकनीकी जांच पूरी होने के बाद यह अनुमति जारी की गई।
सुरक्षा जांच के दौरान बिजली व्यवस्था, signalling, ट्रैक, संचार प्रणाली, अग्नि सुरक्षा, सिविल निर्माण और मेट्रो ट्रेनों से जुड़े सभी जरूरी मानकों की समीक्षा की गई। सभी 12 स्टेशनों के लिए फायर विभाग से अनापत्ति प्रमाण पत्र भी प्राप्त किया जा चुका है। इसके अलावा स्वतंत्र सुरक्षा मूल्यांकन, विद्युत निरीक्षण और दूरसंचार लाइसेंस जैसी आवश्यक मंजूरियां भी पूरी कर ली गई हैं।
पुणे मेट्रो Line 3: पहले चरण की मुख्य जानकारी
- रूट: मान से आर.के. लक्ष्मण म्यूजियम
- लंबाई: 13 किलोमीटर
- स्टेशन: 12
- सुरक्षा मंजूरी: CMRS से प्राप्त
- स्थिति: यात्री सेवा शुरू होने का रास्ता साफ
आधुनिक तकनीक से होगा संचालन
इस सेक्शन में मेट्रो ट्रेनें अधिकतम 80 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से चल सकेंगी। ट्रेन संचालन आधुनिक CBTC प्रणाली और Automatic Train Protection तकनीक के तहत होगा, जिससे ट्रेनों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित की जाएगी। पूरे मार्ग पर दो एलिवेटेड ट्रैक और 750 वोल्ट डीसी थर्ड रेल से बिजली आपूर्ति की व्यवस्था की गई है।
पुणे मेट्रो Line 3 का पूरा कॉरिडोर लगभग 23.2 किलोमीटर लंबा होगा और इसमें कुल 23 स्टेशन शामिल होंगे। परियोजना की अनुमानित लागत 8,313 करोड़ रुपये है। यह परियोजना पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप मॉडल के तहत विकसित की जा रही है।
पूरे प्रोजेक्ट की प्रमुख बातें
- कुल लंबाई: 23.2 किलोमीटर
- कुल स्टेशन: 23
- परियोजना लागत: 8,313 करोड़ रुपये
- मॉडल: पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP)
- रूट: हिंजवाड़ी आईटी पार्क से शिवाजीनगर
पूरे कॉरिडोर का काम जारी
पूरा कॉरिडोर शुरू होने के बाद हिंजवाड़ी आईटी पार्क को बालेवाड़ी होते हुए शिवाजीनगर से जोड़ा जाएगा। फिलहाल सुरक्षा मंजूरी केवल पहले चरण के लिए मिली है और सभी औपचारिक प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद इस हिस्से पर यात्री सेवाएं शुरू होने की उम्मीद है।
अस्वीकरण: यह लेख उपलब्ध आधिकारिक जानकारी और रिपोर्टों पर आधारित है। अंतिम संचालन तिथि संबंधित अधिकारियों की घोषणा के अनुसार होगी।
