Argentina vs Egypt FIFA World Cup 2026: फीफा विश्व कप 2026 के राउंड ऑफ 16 मुकाबले में अर्जेंटीना और मिस्र के बीच खेले गए विवादित मैच के बाद मिस्र फुटबॉल संघ (EFA) ने रेफरी के फैसलों को लेकर फीफा में आधिकारिक शिकायत दर्ज की है। नीचे पूरी रिपोर्ट दी गई है।
फीफा विश्व कप 2026 के राउंड ऑफ 16 मुकाबले में अर्जेंटीना से 3-2 की हार के बाद मिस्र फुटबॉल संघ (EFA) ने फ्रांसीसी रेफरी फ्रांस्वा लेटेक्सियर और उनकी पूरी ऑफिशियल टीम के खिलाफ फीफा में औपचारिक शिकायत दर्ज कराई है। मिस्र का आरोप है कि मैच के दौरान रेफरी और VAR टीम ने कई गलत फैसले लिए, जिनकी वजह से टीम टूर्नामेंट से बाहर हो गई। संघ ने मांग की है कि मामले की जांच की जाए और संबंधित अधिकारियों को विश्व कप के बाकी मैचों से हटाया जाए।
अर्जेंटीना बनाम मिस्र मैच के बाद विवाद क्यों बढ़ा?
⚽ मैच का पूरा परिणाम
- टूर्नामेंट: फीफा विश्व कप 2026
- राउंड: राउंड ऑफ 16
- मैच: अर्जेंटीना vs मिस्र
- अंतिम स्कोर: अर्जेंटीना 3-2 मिस्र
- शुरुआती बढ़त: मिस्र 2-0 से आगे था
- नतीजा: अर्जेंटीना ने शानदार वापसी कर मैच जीता
मैच में मिस्र ने शानदार शुरुआत करते हुए 2-0 की बढ़त बना ली थी और टीम एक बड़े उलटफेर की ओर बढ़ती दिख रही थी। हालांकि बाद में अर्जेंटीना ने वापसी करते हुए तीन गोल दागे और मुकाबला 3-2 से अपने नाम कर लिया। मिस्र की नाराजगी कुछ अहम फैसलों को लेकर है। टीम का मानना है कि मोस्तफा ज़िको का एक वैध गोल VAR समीक्षा के बाद गलत तरीके से रद्द कर दिया गया। इसके अलावा मोहम्मद सलाह पर पेनल्टी बॉक्स के अंदर हुए फाउल को नजरअंदाज किया गया और उस पर VAR जांच भी नहीं की गई। मिस्र का यह भी कहना है कि अर्जेंटीना के विजयी गोल से पहले फाउल हुआ था, लेकिन रेफरी ने उसे नहीं माना।
VAR और रेफरी के फैसलों पर मिस्र के आरोप
मैच खत्म होने के बाद खिलाड़ियों और कोचिंग स्टाफ में काफी गुस्सा देखा गया। कई खिलाड़ी मैदान पर भावुक हो गए और कुछ को अधिकारियों से बहस करने से रोकना पड़ा। मिस्र फुटबॉल संघ के अध्यक्ष हानी अबुरीदा ने फीफा को भेजी शिकायत में कहा कि रेफरी टीम ने दोहरे मापदंड अपनाए और ऐसे फैसले किए जिनसे मिस्र को नुकसान हुआ। संघ का कहना है कि कुछ महत्वपूर्ण वीडियो फुटेज की समीक्षा जानबूझकर नहीं की गई, जबकि उनसे मिस्र को गोल और पेनल्टी मिल सकती थी।
📌 मिस्र की फीफा से प्रमुख मांगें
- शिकायत: रेफरी और VAR टीम के खिलाफ आधिकारिक शिकायत
- मुख्य आरोप: गलत फैसलों से मिस्र को नुकसान
- विवाद: गोल रद्द, पेनल्टी नहीं मिली और फाउल नजरअंदाज
- मांग: पूरे मामले की निष्पक्ष जांच
- अतिरिक्त मांग: संबंधित अधिकारियों को बाकी विश्व कप मैचों से हटाया जाए
- स्थिति: फीफा की अगली कार्रवाई का इंतजार
कोच होसम हसन ने भी जताई नाराजगी
मिस्र के मुख्य कोच होसम हसन ने भी मैच अधिकारियों की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि उनकी टीम के साथ निष्पक्ष व्यवहार नहीं किया गया और मैच में सम्मान तथा फेयर प्ले की भावना दिखाई नहीं दी। हसन ने यह भी आरोप लगाया कि अर्जेंटीना और उसके स्टार खिलाड़ी लियोनेल मेसी को टूर्नामेंट में बनाए रखने का दबाव दिखाई देता है। उनके अनुसार मिस्र बेहतर खेला और जीत का हकदार था, लेकिन फैसले उनके खिलाफ गए। उन्होंने नाराजगी जताते हुए कहा कि वह व्यक्तिगत विरोध के रूप में अब विश्व कप के बाकी मैच नहीं देखेंगे। मिस्र की हार और उसके बाद की यह शिकायत अब विश्व कप 2026 की सबसे बड़ी विवादित घटनाओं में से एक बन गई है और सभी की नजर फीफा की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है।
डिस्क्लेमर: यह लेख उपलब्ध रिपोर्टों और आधिकारिक बयानों पर आधारित है। अंतिम निर्णय और जांच का अधिकार केवल फीफा के पास है।

