अमेरिका में H-1B वीजा से जुड़े नियमों और खर्च में बदलाव के बीच भारत की बड़ी IT कंपनियों की नई वीजा लॉटरी के लिए रजिस्ट्रेशन संख्या तेजी से घटी है। LiveMint की रिपोर्ट में दिए गए अमेरिकी सरकारी आंकड़ों के अनुसार, वित्त वर्ष 2027 की प्रक्रिया में Infosys, Tata Consultancy Services (TCS) और Cognizant की ओर से दर्ज कराए गए आवेदनों में बड़ी कमी दिखाई गई है।
Infosys, TCS और Cognizant के H-1B रजिस्ट्रेशन में गिरावट
अमेरिकी कांग्रेस की रिसर्च सेवा (CRS) की 14 अक्टूबर को प्रकाशित रिपोर्ट के मुताबिक, वित्त वर्ष 2027 के लिए Infosys ने 759 रजिस्ट्रेशन कराए, जबकि वित्त वर्ष 2026 में यह संख्या 8,886 थी। TCS के रजिस्ट्रेशन 5,955 से घटकर 284 रह गए। Cognizant ने इस बार कोई रजिस्ट्रेशन नहीं कराया, जबकि पिछले साल कंपनी की ओर से 3,752 रजिस्ट्रेशन हुए थे।
रिपोर्ट में बताया गया कि बड़ी IT स्टाफिंग और आउटसोर्सिंग कंपनियों के कुल H-1B रजिस्ट्रेशन 24,946 से घटकर 2,055 रह गए। यह करीब 92 प्रतिशत की गिरावट है। ये आंकड़े सालाना वीजा लॉटरी में जमा हुए रजिस्ट्रेशन से जुड़े हैं, न कि कंपनियों में काम कर रहे सभी H-1B वीजा धारकों की कुल संख्या से।
📊 H-1B रजिस्ट्रेशन के मुख्य आंकड़े
- Infosys: 8,886 से घटकर 759
- TCS: 5,955 से घटकर 284
- Cognizant: 3,752 से घटकर शून्य
- बड़ी कंपनियों का कुल आंकड़ा: 24,946 से घटकर 2,055
- आंकड़ों का आधार: वित्त वर्ष 2027 की H-1B लॉटरी के रजिस्ट्रेशन
H-1B वीजा के नियम और फीस में बदलाव
रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी गृह सुरक्षा विभाग ने वित्त वर्ष 2027 की H-1B लॉटरी के लिए वेतन के आधार पर चयन की व्यवस्था लागू की। इस प्रणाली में ज्यादा वेतन वाली नौकरियों के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों को चयन में अधिक प्राथमिकता मिल सकती है। इसका उद्देश्य उच्च कौशल और बेहतर वेतन वाली नौकरियों को प्राथमिकता देना बताया गया है।
इसके अलावा, अमेरिका ने विदेश से आने वाले कुछ नए H-1B कर्मचारियों से जुड़े मामलों पर 100,000 डॉलर की फीस लागू की है। यह शुल्क हर H-1B आवेदन पर समान रूप से लागू नहीं होता, बल्कि कुछ खास मामलों पर निर्भर करता है। अधिक लागत और चयन प्रक्रिया में बदलाव कंपनियों के नए कर्मचारियों को अमेरिका भेजने के फैसलों को प्रभावित कर सकते हैं। नियमों की जानकारी के लिए USCIS की आधिकारिक H-1B जानकारी देखी जा सकती है।
⚠️ भारतीय IT कर्मचारियों के लिए क्या मायने हैं?
- नई भर्ती: कंपनियां अमेरिका भेजे जाने वाले नए कर्मचारियों की संख्या पर फिर विचार कर सकती हैं।
- स्थानीय नियुक्तियां: अमेरिका में पहले से मौजूद कर्मचारियों और स्थानीय भर्ती पर निर्भरता बढ़ सकती है।
- वीजा ट्रांसफर: पात्र कर्मचारियों के ट्रांसफर या एक्सटेंशन जैसे विकल्पों की भूमिका बढ़ सकती है।
- ध्यान देने वाली बात: रजिस्ट्रेशन घटने का अर्थ यह नहीं कि मौजूदा वीजा धारकों का स्टेटस अपने आप खत्म हो गया।
भारतीय IT पेशेवरों पर क्या असर पड़ सकता है?
रजिस्ट्रेशन में गिरावट से संकेत मिलता है कि कुछ बड़ी भारतीय IT कंपनियां अमेरिका में परियोजनाओं के लिए कर्मचारियों की व्यवस्था बदल सकती हैं। वे पहले से अमेरिका में काम कर रहे कर्मचारियों, वीजा एक्सटेंशन, पात्र ट्रांसफर और स्थानीय भर्ती पर ज्यादा ध्यान दे सकती हैं। हालांकि, केवल रजिस्ट्रेशन के आंकड़ों से यह तय नहीं किया जा सकता कि कितनी नौकरियां कम हुई हैं या कितने भारतीय पेशेवर अमेरिका में काम नहीं कर पाएंगे।
भारतीय पेशेवर अमेरिका के H-1B वीजा कार्यक्रम में बड़ी हिस्सेदारी रखते हैं, इसलिए नियमों में बदलाव और कंपनियों की भर्ती रणनीति उन पर असर डाल सकती है। फिर भी, किसी व्यक्ति की वीजा स्थिति उसके अपने मामले, नियोक्ता और अमेरिकी आव्रजन नियमों पर निर्भर करती है। पाठक H-1B वीजा की सामान्य जानकारी के लिए हमारी H-1B Visa 2027 से जुड़ी खबर भी पढ़ सकते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
1. FY2027 में Infosys के H-1B रजिस्ट्रेशन कितने रहे?
रिपोर्ट के अनुसार, Infosys ने वित्त वर्ष 2027 की H-1B लॉटरी के लिए 759 रजिस्ट्रेशन कराए। पिछले वित्त वर्ष में यह संख्या 8,886 थी। ये आंकड़े नए लॉटरी रजिस्ट्रेशन बताते हैं, कंपनी के सभी मौजूदा H-1B कर्मचारियों की संख्या नहीं।
2. TCS के H-1B रजिस्ट्रेशन में कितनी कमी आई?
TCS के रजिस्ट्रेशन वित्त वर्ष 2026 के 5,955 से घटकर वित्त वर्ष 2027 में 284 रह गए। यह बड़ी गिरावट है, लेकिन इससे अपने आप यह साबित नहीं होता कि कंपनी ने उतनी ही नौकरियां घटाई हैं या मौजूदा कर्मचारियों का वीजा प्रभावित हुआ है।
3. Cognizant ने इस बार कितने H-1B रजिस्ट्रेशन कराए?
दी गई रिपोर्ट के मुताबिक, Cognizant ने वित्त वर्ष 2027 की लॉटरी में कोई रजिस्ट्रेशन नहीं कराया, जबकि पिछले साल 3,752 रजिस्ट्रेशन हुए थे। कंपनी के सभी कर्मचारियों या उसकी पूरी भर्ती योजना के बारे में केवल इस आंकड़े से निष्कर्ष नहीं निकाला जा सकता।
4. क्या 100,000 डॉलर की फीस हर H-1B आवेदन पर लगती है?
नहीं, रिपोर्ट में यह फीस विदेश से आने वाले कुछ नए H-1B कर्मचारियों से जुड़े मामलों के लिए बताई गई है। इसकी लागू होने की शर्तें मामले के प्रकार पर निर्भर करती हैं। आवेदक और नियोक्ता को मौजूदा नियमों की आधिकारिक पुष्टि करनी चाहिए।
5. क्या रजिस्ट्रेशन घटने से मौजूदा H-1B वीजा रद्द हो जाते हैं?
नहीं, रजिस्ट्रेशन की संख्या में गिरावट से मौजूदा वीजा अपने आप रद्द नहीं होते। वीजा धारक की स्थिति उसके स्वीकृत आवेदन, नौकरी, नियोक्ता और लागू आव्रजन नियमों पर निर्भर करती है। व्यक्तिगत स्थिति के लिए आधिकारिक जानकारी या योग्य आव्रजन विशेषज्ञ से सलाह लें।
निष्कर्ष
Infosys, TCS और Cognizant के नए H-1B रजिस्ट्रेशन में गिरावट अमेरिकी वीजा नीति और भर्ती लागत में बदलाव के बीच आई है। हालांकि, इन आंकड़ों को नौकरी कटौती या मौजूदा वीजा रद्द होने का सीधा प्रमाण नहीं मानना चाहिए। कर्मचारियों को आधिकारिक नियमों पर नजर रखनी चाहिए।
अस्वीकरण: यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है। वीजा, नौकरी या आव्रजन से जुड़े व्यक्तिगत निर्णय लेने से पहले आधिकारिक अमेरिकी सरकारी जानकारी देखें।

