एक रुपये से कम कीमत वाले शेयरों में हलचल हमेशा निवेशकों का ध्यान खींचती है। NCL Research के शेयर में जून तिमाही के शुरुआती नतीजों के बाद तेजी देखने को मिली है।
एक रुपये से कम कीमत वाले शेयर में तेजी
एक रुपये से कम कीमत वाला NCL Research का शेयर मंगलवार, 11 अगस्त को बाजार में चर्चा में रहा। कंपनी की जून तिमाही के शुरुआती नतीजे सामने आने के बाद शेयर में 5 प्रतिशत की तेजी आई और यह 0.64 रुपये के स्तर पर पहुंच गया। कारोबार के दौरान शेयर इसी कीमत पर बना रहा और लगातार दूसरे दिन इसमें बढ़त देखने को मिली। दो दिनों में शेयर करीब 8.5 प्रतिशत चढ़ चुका है।
NCL Research के जून तिमाही नतीजे
कंपनी ने 30 जून को खत्म हुई तिमाही के लिए अपने शुरुआती वित्तीय नतीजे जारी किए। आंकड़ों के अनुसार, वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में कंपनी को 1.13 करोड़ रुपये का मुनाफा हुआ। पिछली तिमाही में कंपनी को 5.59 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था, जबकि पिछले साल इसी अवधि में 1.70 करोड़ रुपये का मुनाफा दर्ज किया गया था।
📊 NCL Research के Q1 नतीजे
- तिमाही: जून 2026 को खत्म हुई तिमाही
- मुनाफा: 1.13 करोड़ रुपये
- पिछली तिमाही: 5.59 करोड़ रुपये का घाटा
- पिछले साल: 1.70 करोड़ रुपये का मुनाफा
- परिचालन आय: 1.67 करोड़ रुपये
- ब्याज से आय: 1.70 करोड़ रुपये
कंपनी की कुल परिचालन आय इस तिमाही में 1.67 करोड़ रुपये रही। पिछले साल की समान तिमाही में यह आय 1.82 करोड़ रुपये थी, जबकि पिछली तिमाही में यह आंकड़ा 0.28 करोड़ रुपये रहा था। इस दौरान कंपनी की ब्याज से होने वाली आय 1.70 करोड़ रुपये रही, जो पिछले साल की समान अवधि में 1.80 करोड़ रुपये और पिछली तिमाही में 0.28 करोड़ रुपये थी।
शेयर का 52 हफ्तों का प्रदर्शन
साल की शुरुआत से अब तक NCL Research के शेयर में करीब 28 प्रतिशत की बढ़त दर्ज हुई है। हालांकि, अगस्त महीने में अब तक शेयर करीब 13.51 प्रतिशत नीचे है। इससे पहले जुलाई में शेयर ने करीब 48 प्रतिशत की तेजी दर्ज की थी। शेयर ने 27 जुलाई को 0.87 रुपये का 52 हफ्तों का सबसे ऊंचा स्तर बनाया था। इससे पहले 17 मार्च को यह 0.39 रुपये के 52 हफ्तों के निचले स्तर तक पहुंच गया था।
📈 NCL Research शेयर का प्रदर्शन
- मंगलवार का भाव: 0.64 रुपये
- दो दिनों की तेजी: करीब 8.5 प्रतिशत
- साल की शुरुआत से: करीब 28 प्रतिशत बढ़त
- अगस्त में अब तक: करीब 13.51 प्रतिशत गिरावट
- जुलाई में तेजी: करीब 48 प्रतिशत
- 52 हफ्तों का उच्च स्तर: 0.87 रुपये
- 52 हफ्तों का निचला स्तर: 0.39 रुपये
भारतीय शेयर बाजार में भी कमजोरी
मंगलवार को भारतीय शेयर बाजार में भी कमजोरी देखने को मिली। तेल की बढ़ती कीमतों के बीच निवेशकों की मुनाफावसूली से बाजार नीचे बंद हुआ। सेंसेक्स 388 अंक यानी 0.49 प्रतिशत गिरकर 78,154.25 पर बंद हुआ। वहीं निफ्टी 50 में 112 अंक यानी 0.46 प्रतिशत की गिरावट रही और यह 24,471.70 के स्तर पर बंद हुआ। निफ्टी मिडकैप 100 में 0.02 प्रतिशत की मामूली गिरावट आई, जबकि स्मॉलकैप 100 सूचकांक 0.22 प्रतिशत की बढ़त के साथ बंद हुआ।
कम कीमत वाले शेयर में निवेश से पहले सावधानी
इस तरह एक रुपये से कम कीमत वाले इस शेयर में तिमाही नतीजों के बाद अचानक तेजी देखने को मिली है। हालांकि, कम कीमत वाले शेयरों में उतार-चढ़ाव काफी ज्यादा हो सकता है। इसलिए किसी भी निवेश का फैसला करने से पहले कंपनी की वित्तीय स्थिति और बाजार की मौजूदा परिस्थितियों को समझना जरूरी है।
डिस्क्लेमर: यह जानकारी केवल समाचार उद्देश्य से है, निवेश से पहले वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें।