रेलवे क्षेत्र के लिए इलेक्ट्रिकल और पावर इलेक्ट्रॉनिक्स उपकरण बनाने वाली MV Electrosystems अपना IPO निवेशकों के लिए 30 जुलाई से खोलने जा रही है। यह इश्यू 3 अगस्त तक खुला रहेगा। कंपनी ने प्रति शेयर ₹400 से ₹425 का प्राइस बैंड तय किया है। शेयरों का आवंटन 4 अगस्त को होने की संभावना है, जबकि कंपनी के शेयर 6 अगस्त को बीएसई और एनएसई पर सूचीबद्ध हो सकते हैं।
MV Electrosystems IPO की प्रमुख जानकारी
MV Electrosystems का IPO 30 जुलाई से निवेशकों के लिए खुलेगा। यह पूरी तरह फ्रेश इश्यू है और कंपनी जुटाई गई राशि का उपयोग कारोबार के विस्तार, कार्यशील पूंजी और नए उत्पादों के विकास में करेगी।
यह आईपीओ पूरी तरह से नए शेयर जारी करके लाया जा रहा है और इसका कुल आकार 290 करोड़ रुपये है। इसमें किसी मौजूदा निवेशक की हिस्सेदारी बिक्री के लिए नहीं रखी गई है। इसका मतलब है कि इश्यू से मिलने वाली पूरी राशि कंपनी के पास जाएगी और उसका उपयोग कारोबार को आगे बढ़ाने में किया जाएगा।
कंपनी ने बताया है कि जुटाई गई राशि में से लगभग 180 करोड़ रुपये लंबे समय की कार्यशील पूंजी की जरूरतों पर खर्च किए जाएंगे। वहीं करीब 21 करोड़ रुपये नए पावर इलेक्ट्रॉनिक्स उपकरणों के अनुसंधान, डिजाइन और विकास पर लगाए जाएंगे। बची हुई रकम का इस्तेमाल सामान्य कॉर्पोरेट जरूरतों को पूरा करने के लिए किया जाएगा।
MV Electrosystems IPO की मुख्य बातें
- IPO खुलेगा: 30 जुलाई
- IPO बंद होगा: 3 अगस्त
- प्राइस बैंड: ₹400 से ₹425 प्रति शेयर
- इश्यू आकार: 290 करोड़ रुपये
- लॉट साइज: 34 शेयर
- न्यूनतम investment: लगभग ₹14,450
फंड का उपयोग और निवेश विवरण
खुदरा निवेशकों के लिए कम से कम 34 शेयरों के एक लॉट में आवेदन करना जरूरी होगा। ऊपरी प्राइस बैंड के हिसाब से इसके लिए लगभग ₹14,450 का investment करना होगा। इस इश्यू के बुक रनिंग लीड मैनेजर सुंडे कैपिटल एडवाइजर्स प्राइवेट लिमिटेड हैं, जबकि केफिन टेक्नोलॉजीज रजिस्ट्रार की भूमिका निभाएगी।
कंपनी के प्रमोटरों में मोहित वोहरा, अमित धवन, सुमित धवन, राहुल धवन, सोनाली धवन और रामेंद्र प्रताप सिंह शामिल हैं। ड्राफ्ट दस्तावेज के अनुसार, जानी-मानी निवेशक माधुरी मधुसूदन केला के पास भी कंपनी में लगभग 5.6 प्रतिशत हिस्सेदारी है, जिससे यह आईपीओ बाजार में चर्चा का विषय बना हुआ है।
सेबी के नियमों के अनुसार, इस इश्यू का 75 प्रतिशत हिस्सा योग्य संस्थागत निवेशकों (QIB), 15 प्रतिशत गैर-संस्थागत निवेशकों (NII) और 10 प्रतिशत खुदरा निवेशकों के लिए आरक्षित रखा गया है।
कंपनी और कारोबार की झलक
- स्थापना: वर्ष 2009
- कारोबार: रेलवे इलेक्ट्रिकल और पावर इलेक्ट्रॉनिक्स उपकरण
- मुख्य उत्पाद: IGBT प्रोपल्शन सिस्टम, स्विचगियर, ट्रेन कंट्रोल सिस्टम
- Order Book: लगभग 207.5 करोड़ रुपये
- वित्त वर्ष 2025 आय: लगभग 62.6 करोड़ रुपये
- शुद्ध लाभ: करीब 1.4 करोड़ रुपये
कंपनी का कारोबार और वित्तीय स्थिति
साल 2009 में स्थापित MV Electrosystems भारतीय रेलवे के लिए इलेक्ट्रिकल और पावर इलेक्ट्रॉनिक्स उपकरण तैयार करती है। कंपनी आईजीबीटी आधारित प्रोपल्शन सिस्टम, स्विचगियर पैनल, ट्रेन कंट्रोल एवं मॉनिटरिंग सिस्टम, बैटरी चार्जर और अन्य जरूरी उपकरण बनाती है। भारत में रेलवे के आधुनिकीकरण, विद्युतीकरण और हाई-स्पीड ट्रेनों के विस्तार से कंपनी को आगे बढ़ने के अवसर मिल सकते हैं।
कंपनी की आय पूरी तरह रेलवे रोलिंग स्टॉक इलेक्ट्रॉनिक्स कारोबार से आती है। इसके पास 31 अक्टूबर 2025 तक लगभग 194.96 करोड़ रुपये का order book था, जबकि बाद में भारतीय रेलवे से मिले ऑर्डरों के साथ यह करीब 207.5 करोड़ रुपये तक पहुंच गया। इससे आने वाले समय की आय को लेकर कुछ स्पष्टता मिलती है।
निवेश से पहले ध्यान दें
वित्तीय प्रदर्शन की बात करें तो कंपनी की आय में पहले गिरावट देखने को मिली थी, लेकिन बाद में सुधार दर्ज किया गया। वित्त वर्ष 2025 में परिचालन से आय लगभग 62.6 करोड़ रुपये रही, जबकि शुद्ध लाभ बढ़कर करीब 1.4 करोड़ रुपये हो गया। इसके बावजूद लाभ में उतार-चढ़ाव बना रहा है, इसलिए किसी भी investors को निवेश से पहले कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन, जोखिम और भविष्य की संभावनाओं का अच्छी तरह मूल्यांकन करना चाहिए। DRHP में दी गई सभी जानकारियों को पढ़ना भी जरूरी माना जाता है।
अस्वीकरण: यह जानकारी सार्वजनिक दस्तावेजों पर आधारित है। IPO में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेश से पहले DRHP और वित्तीय विवरण अवश्य पढ़ें।