Indegene Block Deal: ₹1105 करोड़ की हिस्सेदारी बिक्री

इंडीजीन में ब्राइटन पार्क कैपिटल ने 1,105 करोड़ रुपये का बड़ा Block Deal पूरा करते हुए अपनी पूरी हिस्सेदारी बेच दी। इस सौदे में कई बड़े संस्थागत निवेशकों ने हिस्सेदारी खरीदी, जिससे कंपनी एक बार फिर निवेशकों के बीच चर्चा में आ गई है।

ब्राइटन पार्क कैपिटल ने हेल्थकेयर टेक्नोलॉजी कंपनी इंडीजीन में अपनी पूरी हिस्सेदारी बेच दी है। यह सौदा 6 अगस्त को Block Deal के जरिए पूरा हुआ, जिसकी कुल कीमत लगभग 1,105 करोड़ रुपये रही। कंपनी ने अपनी 8.73 प्रतिशत हिस्सेदारी 525 रुपये प्रति शेयर के भाव पर बेची। इस बड़े लेनदेन के बाद ब्राइटन पार्क कैपिटल का इंडीजीन में निवेश पूरी तरह समाप्त हो गया है।

ब्राइटन पार्क कैपिटल ने पूरी हिस्सेदारी बेची

Block Deal की मुख्य बातें

  • कंपनी: इंडीजीन
  • विक्रेता: ब्राइटन पार्क कैपिटल
  • डील वैल्यू: लगभग 1,105 करोड़ रुपये
  • हिस्सेदारी: 8.73 प्रतिशत
  • शेयर कीमत: 525 रुपये प्रति शेयर
  • तारीख: 6 अगस्त

शेयरहोल्डिंग के अनुसार, ब्राइटन पार्क कैपिटल ने अपनी हिस्सेदारी दो अलग-अलग विशेष निवेश कंपनियों के माध्यम से रखी थी। इनमें से एक इकाई ने लगभग 1.38 करोड़ शेयर बेचे, जबकि दूसरी इकाई ने करीब 71.9 लाख शेयर बाजार में उतारे। दोनों सौदों को मिलाकर कुल 2.10 करोड़ शेयरों की बिक्री हुई, जिससे कंपनी को लगभग 1,105.25 करोड़ रुपये प्राप्त हुए।

इस बड़े सौदे में कई घरेलू और विदेशी संस्थागत निवेशकों ने हिस्सेदारी खरीदी। सबसे बड़ी खरीदारी Quant Mutual Fund ने की। फंड ने करीब 95.23 लाख शेयर खरीदकर कंपनी में लगभग 3.95 प्रतिशत हिस्सेदारी हासिल की। इस खरीद की कुल कीमत लगभग 500 करोड़ रुपये रही।

किन निवेशकों ने खरीदी हिस्सेदारी

इसके अलावा ICICI Prudential Mutual Fund ने भी इस सौदे में बड़ी हिस्सेदारी खरीदी। फंड ने करीब 67.67 लाख शेयर खरीदे, जो कंपनी की लगभग 2.80 प्रतिशत हिस्सेदारी के बराबर हैं। इस निवेश की कीमत लगभग 355 करोड़ रुपये रही। इससे पहले भी आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल टेक्नोलॉजी फंड के पास जून 2026 तक इंडीजीन में 1.19 प्रतिशत हिस्सेदारी मौजूद थी।

बाकी शेयर कई अन्य बड़े वैश्विक निवेशकों ने खरीदे। इनमें Goldman Sachs Investments Mauritius, AADI Financial Advisors, Bajaj Life Insurance, Buoyant Opportunities Strategy, Citigroup Global Markets Mauritius, Morgan Stanley Asia Singapore और Norges Bank शामिल हैं। इन सभी निवेशकों ने मिलकर करीब 47.61 लाख शेयर खरीदे, जिनकी कुल कीमत लगभग 250 करोड़ रुपये रही।

निवेशकों की खरीदारी एक नजर में

  • सबसे बड़ी खरीद: Quant Mutual Fund
  • हिस्सेदारी: लगभग 3.95 प्रतिशत
  • निवेश: करीब 500 करोड़ रुपये
  • दूसरा बड़ा निवेशक: ICICI Prudential Mutual Fund
  • निवेश राशि: लगभग 355 करोड़ रुपये
  • अन्य खरीदार: Goldman Sachs, Morgan Stanley, Norges Bank सहित कई संस्थागत निवेशक

Block Deal के बाद शेयर का प्रदर्शन

इतने बड़े Block Deal के बावजूद इंडीजीन के शेयरों में मजबूती देखने को मिली। कारोबार समाप्त होने पर कंपनी का शेयर नेशनल स्टॉक एक्सचेंज पर 1.83 प्रतिशत की बढ़त के साथ 550.20 रुपये पर बंद हुआ। दिनभर शेयर में उतार-चढ़ाव रहा, लेकिन भारी कारोबार के बीच अंत में खरीदारी का रुझान मजबूत बना रहा।

बाजार के जानकारों का मानना है कि किसी निजी निवेशक द्वारा पूरी हिस्सेदारी बेचने का मतलब हमेशा कंपनी के कारोबार में कमजोरी नहीं होता। कई बार निजी इक्विटी कंपनियां तय समय पूरा होने के बाद निवेश से बाहर निकलती हैं और अपना लाभ हासिल करती हैं। ऐसे मामलों में नए संस्थागत निवेशकों की एंट्री कंपनी के प्रति बाजार के भरोसे को भी दिखाती है।

हेल्थकेयर टेक्नोलॉजी सेक्टर की संभावनाएं

इंडीजीन हेल्थकेयर और लाइफ साइंस क्षेत्र को तकनीकी और व्यावसायिक सेवाएं उपलब्ध कराने वाली कंपनी है। कंपनी दवा और स्वास्थ्य क्षेत्र की संस्थाओं को डिजिटल समाधान, डेटा सेवाएं और अन्य आधुनिक तकनीकी सुविधाएं प्रदान करती है। इसी वजह से लंबे समय से कई बड़े निवेशकों की इस कंपनी में रुचि बनी हुई है।

हाल के वर्षों में हेल्थकेयर टेक्नोलॉजी क्षेत्र में तेजी से बदलाव देखने को मिला है। नई डिजिटल सेवाओं, डेटा आधारित फैसलों और आधुनिक तकनीकों के बढ़ते उपयोग के कारण इस क्षेत्र में काम करने वाली कंपनियों के लिए नए अवसर बन रहे हैं। ऐसे माहौल में इंडीजीन जैसी कंपनियों को भविष्य में भी विकास की संभावनाओं वाली कंपनियों में देखा जा रहा है।

आगे किन बातों पर रहेगी निवेशकों की नजर

विशेषज्ञों का कहना है कि इस सौदे के बाद कंपनी के शेयरों पर निवेशकों की नजर बनी रहेगी। नए संस्थागत निवेशकों की भागीदारी से शेयर में अच्छी तरलता बनी रह सकती है। हालांकि आगे की दिशा कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन, नए कारोबार और बाजार की स्थिति पर निर्भर करेगी। आने वाले समय में निवेशक कंपनी के तिमाही नतीजों और भविष्य की योजनाओं पर विशेष ध्यान देंगे।

डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से तैयार किया गया है। निवेश से पहले आधिकारिक जानकारी और विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें।

Gourav Kumar Singh

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Gourav Kumar Singh

Gourav Kumar Singh is the Founder and Editor of Wealth Scope News. He writes about finance, business, stock market, technology, government schemes and trending news. His mission is to provide readers with accurate, reliable and easy-to-understand information through well-researched articles.

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