टाइटन कंपनी के प्रबंध निदेशक अजय चावला ने कहा है कि चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में कंपनी को मिली अच्छी रफ्तार जुलाई में भी बनी हुई है।
उनका कहना है कि अब तक कंपनी के प्रदर्शन में सकारात्मक संकेत दिखाई दे रहे हैं और वह वित्त वर्ष 2030 के लिए तय किए गए विकास लक्ष्यों को हासिल करने की दिशा में आगे बढ़ रही है। उन्होंने यह भी कहा कि मौजूदा स्थिति को देखते हुए कंपनी इस साल अपने तय लक्ष्य से बेहतर प्रदर्शन कर सकती है।
टाइटन के प्रदर्शन में जुलाई में भी बनी तेजी
कंपनी के तिमाही नतीजों के बाद विश्लेषकों से बातचीत में चावला ने कहा कि पहली तिमाही में जिस तरह की वृद्धि देखने को मिली, जुलाई में भी स्थिति खराब नहीं रही है। हालांकि आने वाले समय में कंपनी के प्रदर्शन पर बाहरी परिस्थितियों का असर पड़ सकता है। इसके बावजूद प्रबंधन को उम्मीद है कि कारोबार पहले तय की गई दिशा में आगे बढ़ता रहेगा।
टाइटन के कारोबार में आभूषण का हिस्सा करीब 90 प्रतिशत है। चावला ने कहा कि इस कारोबार में स्वस्थ दोहरे अंक की वृद्धि बनाए रखना कंपनी के वित्त वर्ष 2030 के लक्ष्य को हासिल करने के लिए जरूरी है। उन्होंने यह भी कहा कि किसी एक तिमाही के बहुत अच्छे या कमजोर प्रदर्शन को देखकर कंपनी की पूरी स्थिति का आकलन नहीं किया जाना चाहिए, क्योंकि बाजार की परिस्थितियां भी नतीजों को प्रभावित करती हैं।
टाइटन ने इस साल अपनी आगे की योजना के तहत वित्त वर्ष 2026 के स्तर की तुलना में वित्त वर्ष 2030 तक कुल आय और परिचालन लाभ को दोगुना करने का लक्ष्य रखा है। कंपनी के प्रबंधन के अनुसार इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए सभी कारोबार क्षेत्रों में लगातार वृद्धि जरूरी होगी।
टाइटन के विकास लक्ष्य
- मुख्य कारोबार: आभूषण
- आभूषण कारोबार की हिस्सेदारी: करीब 90 प्रतिशत
- वित्त वर्ष 2030 लक्ष्य: कुल आय और परिचालन लाभ दोगुना करना
- जरूरी वृद्धि: आभूषण कारोबार में स्वस्थ दोहरे अंक की वृद्धि
- जुलाई स्थिति: पहली तिमाही की अच्छी रफ्तार बनी रहने के संकेत
जड़े हुए आभूषणों की मांग में सुधार
आभूषण कारोबार में जड़े हुए आभूषणों की मांग में भी सुधार देखा गया है। कंपनी के अनुसार पिछले वित्त वर्ष की चौथी तिमाही से इस तरह के आभूषणों की मांग बढ़नी शुरू हुई थी और चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में भी यह रुझान जारी रहा। इस श्रेणी में खरीदारों की संख्या बढ़ना कंपनी के लिए एक अच्छा संकेत माना जा रहा है।
विदेशी कारोबार को लेकर कंपनी ने बताया कि संयुक्त अरब अमीरात स्थित आभूषण ब्रांड को छोड़कर बाकी कारोबार में परिचालन लाभ का मार्जिन करीब 5 से 6 प्रतिशत के बीच बना हुआ है। कंपनी को उम्मीद है कि यह स्तर आगे भी कायम रह सकता है। संबंधित ब्रांड का प्रदर्शन वहां की मौजूदा परिस्थितियों पर निर्भर करेगा और अंतरराष्ट्रीय कारोबार में उसका योगदान सीमित रहने की संभावना है।
कंपनी ने तिमाही के दौरान ग्राहकों की आवाजाही को लेकर बताया कि अप्रैल और जून में कारोबार अच्छा रहा, जबकि मई में ग्राहकों का रुझान कुछ कमजोर रहा। चावला के अनुसार इसका एक बड़ा कारण सोने की कीमतों में बदलाव रहा। जब सोने के दाम स्थिर रहते हैं, तो ग्राहकों का भरोसा बेहतर रहता है और वे खरीदारी के लिए आगे आते हैं। वहीं कीमतों में लगातार उतार-चढ़ाव या तेज गिरावट होने पर ऐसे ग्राहक अपनी खरीदारी टाल सकते हैं जिन्हें तुरंत आभूषण खरीदने की जरूरत नहीं होती।
सोने की कीमतों के बीच हल्के आभूषणों पर जोर
सोने की ऊंची कीमतों के बीच कंपनी ग्राहकों के लिए हल्के आभूषण और पुराने आभूषण बदलने की सुविधा जैसे विकल्पों पर जोर दे रही है। कंपनी का मानना है कि अलग-अलग शुद्धता वाले आभूषण, वजन कम रखना और exchange योजना जैसे विकल्पों के जरिए अधिक लोगों के लिए आभूषण खरीदना आसान बनाया जा सकता है।
टाइटन के जून तिमाही के प्रमुख आंकड़े
- आय: 20,787 करोड़ रुपये
- आय में वृद्धि: 40.3 प्रतिशत
- मुनाफा: 1,777 करोड़ रुपये
- मुनाफे में वृद्धि: 62.87 प्रतिशत
- आय वृद्धि: लगातार तीसरी तिमाही में 40 प्रतिशत से अधिक
आंखों, घड़ियों और दूसरे कारोबार में भी अवसर
चावला ने कहा कि कंपनी के सभी कारोबार में आगे बढ़ने की काफी संभावना मौजूद है। आभूषण के अलावा आंखों से जुड़े उत्पाद, घड़ियां, खुशबू, बैग और साड़ियों के कारोबार में भी वृद्धि की गुंजाइश है। भारत में संगठित कारोबार का बढ़ना, मध्यम वर्ग के लोगों की बढ़ती भागीदारी और बेहतर गुणवत्ता वाले उत्पादों की मांग कंपनी के लिए सकारात्मक अवसर पैदा कर रही है।
उन्होंने जून तिमाही को कंपनी के लिए शानदार बताया। उनके अनुसार इस दौरान अलग-अलग कारोबार, ब्रांड और सहायक कंपनियों में अच्छी वृद्धि देखने को मिली। बिक्री की मात्रा और खरीदारों की संख्या में भी सुधार हुआ है।
टाइटन कंपनी ने शुक्रवार को बताया कि वित्त वर्ष 2027 की जून तिमाही में उसकी आय 40.3 प्रतिशत बढ़कर 20,787 करोड़ रुपये हो गई। इस वृद्धि में आभूषण कारोबार का बड़ा योगदान रहा। कंपनी का मुनाफा भी 62.87 प्रतिशत बढ़कर 1,777 करोड़ रुपये पहुंच गया। यह लगातार तीसरी तिमाही है जब कंपनी ने आय में 40 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज की है।
अस्वीकरण: यह जानकारी सामान्य समाचार उद्देश्य के लिए है और इसे निवेश सलाह नहीं माना जाना चाहिए।

